Gold-Silver Rate Today: 16 जून 2025 को सोने और चांदी की कीमतों में कमी देखी गई है, जो शादी-विवाह और निवेश के लिए सोना-चांदी खरीदने वालों के लिए अच्छी खबर है। सर्राफा बाजार में आज 22 कैरेट और 24 कैरेट सोने के दामों में गिरावट दर्ज की गई है, वहीं चांदी की कीमतें भी सस्ती हुई हैं। आइए जानते हैं दिल्ली, पटना, भोपाल, इंदौर, मुंबई और अन्य शहरों में सोने-चांदी के लेटेस्ट रेट।
Gold-Silver Rate Today: सोने की कीमतों में कितनी गिरावट?
आज 22 कैरेट सोने की कीमत में 170 रुपये प्रति 10 ग्राम की कमी आई है। अब यह 93,200 रुपये प्रति 10 ग्राम पर उपलब्ध है। वहीं, 24 कैरेट सोना, जो सबसे शुद्ध होता है, 1,01,660 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बिक रहा है। अगर आप हल्का और सस्ता सोना चाहते हैं, तो 18 कैरेट सोना 76,260 रुपये प्रति 10 ग्राम पर मिल रहा है। यह कीमतें दिल्ली, मुंबई, कोलकाता जैसे बड़े शहरों में लगभग एकसमान हैं।
शहरों के अनुसार सोने के रेट
दिल्ली और पटना: 22 कैरेट सोना 93,200 रुपये और 24 कैरेट सोना 1,01,660 रुपये प्रति 10 ग्राम।
भोपाल और इंदौर: 22 कैरेट सोना 93,100 रुपये और 24 कैरेट सोना 1,01,156 रुपये प्रति 10 ग्राम।
चेन्नई: 24 कैरेट सोना 1,01,150 रुपये और 18 कैरेट सोना 76,600 रुपये प्रति 10 ग्राम।
लखनऊ और जयपुर: 22 कैरेट सोना 93,200 रुपये और 24 कैरेट सोना 1,01,660 रुपये प्रति 10 ग्राम।
चांदी की कीमतों में भी नरमी
चांदी की कीमतों में भी आज 100 रुपये प्रति किलोग्राम की गिरावट देखी गई है। अब 1 किलो चांदी का रेट 1,09,900 रुपये है। हालांकि, चेन्नई, हैदराबाद और केरल जैसे शहरों में चांदी का भाव 1,19,900 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गया है। भोपाल और इंदौर में चांदी 1,09,900 रुपये प्रति किलो पर स्थिर है। शादी के सीजन में चांदी की मांग बढ़ने के बावजूद कीमतों में यह कमी खरीदारों के लिए राहत लेकर आई है।
खरीदारी का सही समय?
बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि सोने और चांदी की कीमतों में स्थिरता और हल्की गिरावट के कारण यह खरीदारी का अच्छा मौका हो सकता है। शादी-विवाह के मौसम में लोग सोने-चांदी को निवेश और गहनों के रूप में खरीदना पसंद करते हैं। लेकिन, खरीदने से पहले अपने नजदीकी ज्वेलर से कीमतों की पुष्टि जरूर करें, क्योंकि इसमें जीएसटी और मेकिंग चार्ज अलग से लग सकते हैं।
Gold-Silver Rate Today: क्यों बदलती हैं कीमतें?
सोने और चांदी की कीमतें वैश्विक बाजार, डॉलर की कीमत, आयात शुल्क और मांग-आपूर्ति जैसे कारणों से बदलती रहती हैं। भारत में त्योहारों और शादियों के समय इनकी मांग बढ़ने से कीमतें अक्सर चढ़ती हैं। लेकिन, आज की गिरावट निवेशकों और खरीदारों के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है।