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Egg Freshness Test: अंडा पानी में तैरता है तो नकली नहीं, खराब हो सकता है; FSSAI की गाइडेंस

Egg Freshness Test: सोशल मीडिया पर अंडे के नकली होने के दावे घूम रहे हैं, और कई लोग पानी में तैरने को नकली होने का सबूत मान लेते हैं। प्रभात खबर की 2 अक्टूबर 2026 की रिपोर्ट FSSAI की गाइडेंस नोट के हवाले से कहती है कि तैरना ताजगी और खराबी से जुड़ा संकेत हो सकता है, नकली होने का प्रमाण नहीं। जांच के लिए मशीन नहीं चाहिए। एक गिलास पानी और अंडा काफी है।

रिपोर्ट में फोड़कर देखने का तरीका भी है। जर्दी और सफेदी की हालत तथा गंध से अंदाजा लगाया जा सकता है। साथ में डॉक्टर शुभम वत्स्य अंडे के पोषक तत्वों और गर्मियों में खाने को लेकर बात करते हैं। पानी वाला परीक्षण ताजगी का घरेलू संकेत है। यह प्रयोगशाला की जांच नहीं है।

अंडे की ताजगी पानी में कैसे देखें?

एक गिलास, मग या गहरा बर्तन लें और उसमें पर्याप्त पानी भरें। अंडे को धीरे से डालें और देखें कि वह नीचे रहता है या ऊपर आता है।

अगर अंडा नीचे की तरफ चौड़ाई में लेट जाए, तो यह ताजा होने का संकेत हो सकता है। FSSAI की गाइडेंस में भी ताजे अंडे के पानी के नीचे चौड़ाई में लेटे रहने की बात है। अगर अंडा नीचे रहकर एक तरफ झुक जाए या खड़ा दिखे, तो वह पुराना हो सकता है। सतह पर तैरने लगे तो खराब हो सकता है।

FSSAI के अनुसार समय के साथ अंडे के अंदर हवा का हिस्सा, यानी एयर सेल, बड़ा होता जाता है। इसी वजह से पुराना या खराब अंडा पानी में तैर सकता है। तैरना वायरल दावे वाला नकली अंडा साबित नहीं करता। रिपोर्ट साफ सवाल उठाती है कि तैरना नकली होने का संकेत है या नहीं, और जवाब ताजगी की गाइडेंस में है।

अंडा फोड़ने पर क्या देखें?

FSSAI की गाइडेंस नोट के अनुसार ताजे अंडे में जर्दी आमतौर पर गोल और उभरी रहती है। सफेदी ज्यादा गाढ़ी होती है और एक जगह रहती है। अंडा पुराना होने पर सफेदी पतली और ज्यादा फैलने वाली हो सकती है। समय के साथ जर्दी और सफेदी आपस में मिलने भी लग सकते हैं।

अगर असामान्य या सड़ी गंध आए, तो इस्तेमाल न करें। पानी का परीक्षण और फोड़कर देखना दोनों मिलकर बेहतर संकेत देते हैं। सिर्फ तैरने या डूबने पर खाने का फैसला पूरा नहीं माना गया। गंध आने पर रिपोर्ट साफ मना करती है।

अंडे में कौन से पोषक तत्व बताए गए हैं?

डॉक्टर शुभम वत्स्य के अनुसार अंडा अच्छी गुणवत्ता वाले प्रोटीन का स्रोत है। इसमें जरूरी अमीनो एसिड के साथ विटामिन बी12, सेलेनियम, एंटीऑक्सीडेंट और कोलीन जैसे तत्व होते हैं। उन्होंने जर्दी को भी डाइट का हिस्सा रखने की बात कही है, क्योंकि इसमें कोलीन, ल्यूटिन और जियाजैंथिन मिलते हैं।

यह सामान्य पोषण जानकारी है। किसी बीमारी में कितना अंडा खाएं, यह रिपोर्ट नहीं बताती। जर्दी हटाने की सलाह यहां नहीं है। डॉक्टर ने जर्दी को अलग से उपयोगी बताया है।

गर्मियों में अंडा खाने से शरीर गर्म होता है क्या?

डॉक्टर शुभम वत्स्य के अनुसार गर्मियों में अंडा खाने से शरीर में हानिकारक तरीके से गर्मी नहीं बढ़ती। प्रोटीन पचाने में शरीर को थोड़ी ज्यादा ऊर्जा लगती है। इसे थर्मिक इफेक्ट कहा जाता है। इससे शरीर का मुख्य तापमान इस तरह नहीं बढ़ता कि गर्मियों में अंडा खाना नुकसानदायक हो जाए।

यह डॉक्टर का कथन है, मौसमी निषेध नहीं। पानी वाले परीक्षण से खराब अंडा पहचानना गर्मियों में और उपयोगी हो सकता है, क्योंकि खराब गंध और तैरना दोनों रिपोर्ट में चेतावनी के रूप में हैं।

खरीदार के लिए व्यावहारिक क्रम यही है। पहले पानी में देखें। लेटा हुआ नीचे हो तो ताजगी का संकेत हो सकता है। झुका या खड़ा हो तो पुराना हो सकता है। तैर रहा हो तो खराब हो सकता है, नकली साबित नहीं होता। फोड़ने पर जर्दी उभरी और सफेदी गाढ़ी हो तो ताजा माना गया है। सड़ी गंध हो तो छोड़ दें। पोषण में प्रोटीन, बी12, सेलेनियम, कोलीन और जर्दी के ल्यूटिन तथा जियाजैंथिन की बात डॉक्टर ने कही है। गर्मियों वाली गर्मी की आम धारणा को उन्होंने हानिकारक तापमान बढ़ोतरी नहीं माना।

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Netsha Singh
Author: Netsha Singh

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