UP News: मेरठ, 14 अक्टूबर 2026: मेरठ के सनसनीखेज नीला ड्रम हत्याकांड में आज का दिन बेहद महत्वपूर्ण है। सौरभ राजपूत की हत्या के मामले में दोषी ठहराए गए साहिल शुक्ला और मुस्कान की सजा पर अदालत में सुनवाई होनी है। दोनों को जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत के सामने पेश किया जाएगा।
अदालत ने 30 सितंबर को साक्ष्यों के आधार पर दोनों को दोषी करार दिया था। अब सजा के बिंदु पर बहस होनी है और यह तय होगा कि उन्हें किस तरह की सजा दी जाए।
नीला ड्रम हत्याकांड क्या है और इसकी शुरुआत कैसे हुई?
यह मामला मेरठ का सबसे चर्चित आपराधिक मामलों में से एक है। सौरभ राजपूत और मुस्कान ने साल 2016 में प्रेम विवाह किया था। दोनों की एक बेटी भी है, जिसका नाम पीहू है। 2019 में उनके बीच विवाद हुआ और दोनों अलग रहने लगे।
इसी दौरान मुस्कान की मुलाकात स्कूल के समय के परिचित साहिल शुक्ला से हुई। बाद में परिवार के हस्तक्षेप से सौरभ और मुस्कान के बीच समझौता हुआ और वे फिर साथ रहने लगे। कुछ समय बाद सौरभ काम के सिलसिले में लंदन चला गया।
24 फरवरी 2025 को सौरभ भारत लौटा। इसके कुछ ही दिन बाद 3 मार्च की रात उसकी हत्या कर दी गई। आरोप के मुताबिक, साहिल और मुस्कान ने पहले सौरभ को नशीला पदार्थ दिया और फिर चाकू से हमला किया।
हत्या के बाद क्या हुआ और शव कैसे छिपाया गया?
हत्या के बाद शव के कई टुकड़े कर दिए गए और उन्हें नीले ड्रम में रखकर सीमेंट से बंद कर दिया गया। वारदात के बाद साहिल और मुस्कान हिमाचल प्रदेश घूमने चले गए। इसी वजह से शुरुआत में हत्याकांड का पता नहीं चल सका।
17 मार्च को दोनों के लौटने के बाद 18 मार्च 2025 को इस सनसनीखेज मामले का खुलासा हुआ। पुलिस ने 19 मार्च को साहिल और मुस्कान को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। जांच पूरी होने के बाद आरोपपत्र अदालत में दाखिल किया गया।
इस क्रूरता भरे तरीके से शव छिपाने की कोशिश ने पूरे मामले को और भी ज्यादा सनसनीखेज बना दिया था।
अदालत ने कब दोषी ठहराया और आज क्या होने वाला है?
मामले की सुनवाई के दौरान अदालत के सामने साक्ष्य पेश किए गए। 30 सितंबर को अदालत ने साहिल शुक्ला और मुस्कान को हत्या के मामले में दोषी करार दिया। अब बुधवार को सजा के बिंदु पर सुनवाई होनी है।
दोनों दोषियों को जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अदालत में पेश किया जाएगा। अदालत दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद सजा का फैसला सुना सकती है। सौरभ के परिवार की तरफ से फांसी की मांग पहले से ही जोर-शोर से की जा रही है।
यह सुनवाई पूरे मामले की अंतिम महत्वपूर्ण कड़ी मानी जा रही है।
सौरभ के परिवार की क्या मांग है?
सौरभ की मां और भाई ने दोनों दोषियों के लिए मृत्युदंड की मांग की है। परिवार का कहना है कि इतनी क्रूरता से की गई हत्या के बाद सिर्फ कड़ी सजा ही न्याय का एहसास दिला सकती है। वे चाहते हैं कि अदालत फांसी की सजा सुनाए।
परिवार लंबे समय से न्याय की प्रतीक्षा कर रहा था। दोषसिद्धि के बाद अब सजा के फैसले पर उनकी निगाहें टिकी हुई हैं। स्थानीय स्तर पर भी इस मामले को लेकर काफी चर्चा है और लोग अदालत के फैसले का इंतजार कर रहे हैं।
इस मामले का समाज और कानूनी प्रक्रिया पर क्या असर पड़ा?
नीला ड्रम हत्याकांड ने पूरे देश का ध्यान खींचा था। शव को टुकड़ों में काटकर ड्रम में सीमेंट से बंद करने की क्रूरता ने लोगों को झकझोर दिया। यह मामला घरेलू हिंसा, विश्वासघात और आपराधिक साजिश के मिश्रण के रूप में देखा गया।
कानूनी प्रक्रिया के हिसाब से जांच, गिरफ्तारी, आरोपपत्र और दोषसिद्धि के चरण पूरे हो चुके हैं। अब सजा का फैसला आने वाला है। ऐसे मामले अदालती प्रक्रिया की पारदर्शिता और सजा की गंभीरता पर बहस को भी जन्म देते हैं।
आज की सुनवाई के बाद यह स्पष्ट हो जाएगा कि अदालत दोनों दोषियों को किस तरह की सजा देती है। परिवार और आम जनता दोनों ही इस फैसले का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
कुल मिलाकर, मेरठ का यह चर्चित मामला आज अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है। अदालत का फैसला न सिर्फ दोषियों के भविष्य को तय करेगा, बल्कि पीड़ित परिवार को न्याय का एहसास भी दिलाएगा।
Read More Here
- Petrol-Diesel Price 14 Oct 2026: दिल्ली में ईंधन की कीमतों को लेकर नया अपडेट, आज आपके शहर में क्या है हाल?
- 5 दिन बाद चमकेगी पांच राशियों की किस्मत, बुध के अश्लेषा नक्षत्र में मंगल गोचर देगा लाभ
- NTA Reform: परीक्षा के दिन रैली-जुलूस पर रोक की सिफारिश: NTA सुधारों में छात्रों की सुविधा पर जोर
- Swapna Shastra: सपने में बंद दरवाजे के पीछे फंसना क्या संकेत देता है? स्वप्न शास्त्र के अनुसार मतलब जानें

