नई दिल्ली-चैत्र नवरात्रि 2025: नवरात्रि भक्ति का एक पवित्र समय है, जिसमें भक्त नौ दिनों तक देवी दुर्गा की पूजा करते हैं, जिसके बाद दसवें दिन उनका उपवास तोड़ा जाता है। माना जाता है कि नवरात्रि के अनुष्ठानों का समर्पण के साथ पालन करने से इच्छाओं की पूर्ति होती है। हालांकि, चंद्रमा की तिथियों में भिन्नताओं के कारण, कभी-कभी यह त्योहार नौ के बजाय आठ दिनों तक चलता है।
क्या चैत्र नवरात्रि 8 या 9 दिन लंबी होगी? इस वर्ष, चैत्र नवरात्रि 30 मार्च 2025 को शुरू होगी और 6 अप्रैल 2025 को समाप्त होगी। हिंदू कैलेंडर के अनुसार, द्वितीया (दूसरा दिन) और तृतीया (तीसरा दिन) एक ही दिन पड़ते हैं, जिससे त्योहार की अवधि में कमी आती है। परिणामस्वरूप, नवरात्रि 2025 आठ दिनों तक चलेगी, न कि नौ। नवरात्रि में एक तिथि (चंद्र तिथि) का गायब होना हिंदू विश्वासों के अनुसार अशुभ माना जाता है।
घटस्थापना के लिए शुभ समय: भक्त घटस्थापना (कलश स्थापना) नवरात्रि के पहले दिन करते हैं, जो त्योहार की शुरुआत को दर्शाता है। यहाँ सबसे शुभ समय दिए गए हैं:
- सुबह का मुहूर्त: 6:12 AM से 10:20 AM – इस समय कलश स्थापना करने से स्थिरता, समृद्धि और धन लाने की मान्यता है।
- अभिजीत मुहूर्त: 11:59 AM से 12:49 PM – यह एक अत्यंत अनुकूल अवधि है, जो अच्छे स्वास्थ्य, भाग्य और सफलता लाती है।
चैत्र नवरात्रि 2025: महा अष्टमी और नवमी की तिथियाँ
महा अष्टमी 5 अप्रैल 2025 को होगी, और महा नवमी 6 अप्रैल 2025 को। ये दो दिन नवरात्रि उत्सव में बहुत महत्वपूर्ण हैं। इन दिनों, भक्त देवी दुर्गा को प्रसाद के रूप में नारियल, चना और पूरी अर्पित करते हैं। कई लोग कन्या पूजन भी करते हैं, जहाँ नौ युवा लड़कियों की पूजा की जाती है और उन्हें भोजन परोसा जाता है, जो दिव्य स्त्री ऊर्जा का प्रतिनिधित्व करता है। भक्त देवी से आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए विशेष संधि पूजा अनुष्ठान भी करते हैं।
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