निक्की भाटी हत्याकांड: अस्पताल मेमो ने बढ़ाई पुलिस की मुश्किलें, गैस सिलेंडर फटने का दावा निकला संदिग्ध

निक्की भाटी हत्याकांड में लगातार नए-नए खुलासे हो रहे हैं। अब इस मामले में फोर्टिस अस्पताल का मेमो सामने आया है, जिसने पुलिस की जांच को और पेचीदा बना दिया है। मेमो में लिखा गया कि मरीज घर में गैस सिलेंडर फटने से झुलस गया, लेकिन पुलिस जांच में ऐसी कोई घटना के सबूत मौके पर नहीं मिले।
इस मामले में निक्की के पति विपिन भाटी, सास दया, ससुर सतवीर भाटी और जेठ रोहित भाटी पहले ही गिरफ्तार हो चुके हैं।
मेमो पर देवेंद्र के साइन, सवालों के घेरे में जानकारी
फोर्टिस अस्पताल के मेमो पर देवेंद्र नामक व्यक्ति के हस्ताक्षर हैं। देवेंद्र, विपिन भाटी के ताऊ का बेटा और निक्की का पड़ोसी है। सवाल यह उठ रहा है कि अस्पताल को गैस सिलेंडर फटने की जानकारी आखिर किसने दी। पुलिस अब डॉक्टरों और अस्पताल स्टाफ के बयान दर्ज करेगी।
गौरतलब है कि हादसे के बाद निक्की को उसकी बड़ी बहन कंचन ने देवेंद्र की मदद से अस्पताल में भर्ती कराया था। लेकिन अब जांच का सबसे बड़ा सवाल यही है कि अगर भर्ती कराने वाली कंचन थी, तो मेमो पर देवेंद्र के हस्ताक्षर क्यों और कैसे हुए?
देवेंद्र का बयान और पुलिस की पड़ताल
देवेंद्र का कहना है कि घटना के समय वह और विपिन के पिता अपनी दुकान पर बैठे थे। तभी आवाज सुनकर विपिन भागता हुआ घर आया और वापस लौटकर बोला कि निक्की ने आग लगा ली है। जब तक देवेंद्र और बाकी लोग घर पहुंचे, आग बुझाई जा चुकी थी। इसके बाद निक्की को गाड़ी से अस्पताल ले जाया गया।
पुलिस अब इस पूरे मामले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है और सीसीटीवी फुटेज खंगालने की तैयारी कर रही है। जांच अधिकारी मानते हैं कि अस्पताल मेमो और देवेंद्र के बयान इस केस की दिशा बदल सकते हैं।
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