Employee Relief: केंद्रीय सरकार ने कर्मचारियों को बड़ा तोहफा दिया है। नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) से पुरानी पेंशन योजना (OPS) में जाने का विकल्प चुनने की समय सीमा बढ़ा दी गई है। पहले यह डेडलाइन 31 दिसंबर 2025 थी, लेकिन अब इसे 31 मार्च 2026 तक कर दिया गया है। यह फैसला वित्त मंत्रालय के पेंशन विभाग ने लिया है। छोटे शहरों और गांवों के केंद्रीय कर्मचारी जो OPS की गारंटीड पेंशन चाहते हैं, उनके लिए यह मौका फिर मिल गया। हजारों कर्मचारी जो समयसीमा चूक गए थे, वे अब राहत की सांस ले रहे हैं। सरकार ने कहा कि कई कर्मचारियों की मांग पर यह एक्सटेंशन दिया गया है। अब कोई जल्दबाजी नहीं, आराम से फैसला लें।
NPS से OPS में जाने का विकल्प: कौन ले सकता है फायदा
यह विकल्प उन कर्मचारियों के लिए है जो 1 जनवरी 2004 के बाद नौकरी में आए थे और NPS में हैं। OPS में पेंशन 50% आखिरी सैलरी की होती है, जो गारंटीड है। NPS में मार्केट पर निर्भर पेंशन मिलती है। 2023 में सरकार ने यह विकल्प दिया था, लेकिन समय कम होने से कई कर्मचारी आवेदन नहीं कर पाए। अब 31 मार्च 2026 तक समय है। आवेदन SPARROW पोर्टल या HRMS पर ऑनलाइन करना है। विभाग से NOC लेना जरूरी है। जो कर्मचारी रिटायर हो चुके हैं या VRS ले चुके हैं, वे भी आवेदन कर सकते हैं।
क्यों बढ़ाई गई डेडलाइन: कर्मचारियों की मांग और प्रशासनिक वजह
वित्त मंत्रालय ने कहा कि कई कर्मचारियों और यूनियनों की मांग पर समयसीमा बढ़ाई गई है। कुछ विभागों में NOC प्रक्रिया में देरी हो रही थी। दूर-दराज के इलाकों के कर्मचारी समय पर आवेदन नहीं कर पाए। अब तीन महीने का अतिरिक्त समय मिलने से लाखों कर्मचारी फायदा उठा सकेंगे। सरकार का कहना है कि यह फैसला कर्मचारी हित में है। OPS चुनने वाले कर्मचारियों को NPS में जमा राशि वापस मिलेगी और OPS के तहत पेंशन शुरू होगी।
कर्मचारियों को सलाह: जल्दी आवेदन करें, ये दस्तावेज तैयार रखें
कर्मचारियों को सलाह है कि जल्दी आवेदन कर दें। जरूरी दस्तावेज: आधार, PAN, बैंक डिटेल्स, सर्विस बुक और NPS अकाउंट डिटेल्स। विभाग से NOC लें। अगर कोई दिक्कत हो तो हेल्पडेस्क या यूनियन से संपर्क करें। OPS चुनने से रिटायरमेंट के बाद फिक्स पेंशन मिलेगी, जो महंगाई के साथ बढ़ती है। NPS में रिस्क ज्यादा है। यह मौका न चूकें। 31 मार्च 2026 के बाद कोई एक्सटेंशन नहीं मिलेगा।



