मंगलवार, 3 नवंबर 2026
लाइव देखें
हॉट टॉपिक्स
ब्रेकिंग

Rama Ekadashi 2026 पर ये 5 गलतियां भूलकर भी न करें, वरना व्रत का फल नहीं मिलेगा

1 घंटे पहले
Rama Ekadashi 2026
Rama Ekadashi 2026

Rama Ekadashi 2026: कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को रमा एकादशी कहा जाता है। इस साल यह तिथि 5 नवंबर को पड़ रही है। हिंदू धर्म में एकादशी का व्रत भगवान विष्णु को समर्पित माना जाता है। रमा एकादशी को विशेष रूप से शुभ माना जाता है क्योंकि इस दिन माता लक्ष्मी और भगवान विष्णु दोनों की कृपा पाने का अवसर मिलता है। भक्त इस दिन व्रत रखकर पूजा करते हैं और जीवन में सुख-समृद्धि की कामना करते हैं। हालांकि व्रत रखने भर से फल नहीं मिलता। कुछ नियमों का पालन और कुछ गलतियों से बचना भी जरूरी है। इन गलतियों की वजह से कई बार पूरा व्रत व्यर्थ चला जाता है।

रमा एकादशी पर चावल क्यों नहीं खाना चाहिए?

एकादशी के दिन चावल का सेवन न करने की परंपरा बहुत पुरानी है। व्रत रखने वाले लोग तो फलाहार ही करते हैं, लेकिन जो लोग व्रत नहीं रखते उन्हें भी इस दिन चावल से परहेज करने की सलाह दी जाती है। मान्यता है कि चावल का सेवन मन को अशांत करता है और इस दिन भगवान विष्णु की पूजा का पूर्ण फल नहीं मिल पाता। चावल को तामसिक प्रवृत्ति वाला अनाज माना जाता है। इसलिए रमा एकादशी के दिन सात्विक भोजन ही करना बेहतर रहता है। साबूदाना, आलू, फल, दूध और सूखे मेवे जैसे फलाहार से व्रत पूरा किया जा सकता है।

तामसिक भोजन से दूर क्यों रहना जरूरी है?

रमा एकादशी के दिन मांस, मदिरा, लहसुन और प्याज जैसे तामसिक भोजन से पूरी तरह बचना चाहिए। भले ही आप व्रत न रख रहे हों, फिर भी सात्विक आहार अपनाना उचित माना जाता है। तामसिक भोजन मन में चंचलता और क्रोध बढ़ा सकता है, जो व्रत के उद्देश्य के खिलाफ है। इस दिन पूरी तरह सात्विक रहकर भगवान विष्णु की पूजा करने से मानसिक शांति मिलती है। कई परिवार इस दिन घर में पूरी तरह शाकाहारी और हल्का भोजन बनाते हैं ताकि पूजा का माहौल शुद्ध बना रहे।

तुलसी के पत्ते तोड़ना और पौधे को पानी देना क्यों मना है?

रमा एकादशी के दिन तुलसी के पौधे से पत्ते तोड़ना और उसे पानी चढ़ाना वर्जित माना जाता है। मान्यता है कि ऐसा करने से माता लक्ष्मी और भगवान विष्णु की कृपा नहीं मिलती। हालांकि पूजा के दौरान भगवान विष्णु को जो भोग अर्पित किया जाए उसमें तुलसी की पत्तियां जरूर रखनी चाहिए। इसलिए एक दिन पहले ही तुलसी की पत्तियां तोड़कर रख लें। इस दिन तुलसी पौधे की पूजा जरूर करें, दीपक जलाएं और आरती करें। बस पौधे को छुएं नहीं और पानी न डालें।

क्रोध और झूठ बोलने से कैसे बचें?

किसी भी व्रत का मूल आधार मन की शुद्धता होती है। रमा एकादशी के दिन क्रोध करने और झूठ बोलने से बचना बहुत जरूरी है। क्रोध और असत्य भाषण से व्रत का पुण्य कम हो जाता है। इस दिन शांतचित्त रहकर पूजा-पाठ करें, अच्छे विचार रखें और दूसरों के साथ मृदु व्यवहार करें। कई लोग इस दिन मौन रहने या कम बोलने की कोशिश भी करते हैं। मन को शांत रखने से पूजा का फल पूरी तरह मिलता है और घर में सकारात्मक वातावरण बनता है।

एकादशी के दिन दान लेने से क्यों बचना चाहिए?

रमा एकादशी के दिन किसी से दान या मुफ्त में कोई वस्तु नहीं लेनी चाहिए। इस दिन दान लेना वर्जित माना जाता है। इसके बजाय स्वयं दान करना शुभ माना जाता है। दान करने से भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी दोनों की कृपा बनी रहती है। अनाज, कपड़े, फल या पैसे का दान जरूरतमंदों को दिया जा सकता है। दान लेने से व्रत का फल अधूरा रह जाता है, इसलिए इस दिन सिर्फ देना ही उचित है।

रमा एकादशी का व्रत केवल भोजन छोड़ने तक सीमित नहीं है। मन, वाणी और कर्म तीनों को शुद्ध रखना पड़ता है। चावल और तामसिक भोजन से दूर रहना, तुलसी के नियमों का पालन करना, क्रोध और झूठ से बचना तथा दान देना ये छोटी-छोटी बातें व्रत को सफल बनाती हैं। अगर इन गलतियों से बचा जाए तो भगवान विष्णु की कृपा बनी रहती है और घर में सुख-समृद्धि का वातावरण बनता है। व्रत रखते समय अपनी सेहत का भी ध्यान रखें और जरूरत पड़ने पर हल्का फलाहार जरूर लें।

Read More Here:- 

Maruti Suzuki Dzire: अक्टूबर 2026 में पैसेंजर व्हीकल बिक्री 5 लाख के करीब, मारुति सुजुकी सबसे आगे

Top 20 News Today 2 November 2026: चक्रवात मुरासु की दस्तक, नौसेना के 53 हजार करोड़ के सौदे, ग्रीन पटाखों पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला और शाहरुख का जन्मदिन

Kal Ka Mausam 3 November 2026: 23 राज्यों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट, 50 की स्पीड से हवा, IMD का अपडेट

Delhi NCR Green Crackers: दिल्ली-NCR में दिवाली पर ग्रीन पटाखों को मंजूरी, सुप्रीम कोर्ट ने तय किया समय, जानें नियम

Sanjna Gupta
Author: Sanjna Gupta

Sanjana Gupta Hindi Content Writer | New Media Kiran Sanjana Gupta is a Hindi Content Writer at New Media Kiran, creating accurate, engaging, and reader-friendly news and web content for digital platforms. She specializes in well-researched Hindi articles that keep audiences informed and interested.

वोटिंग जानकारी लोड हो रही है...

कवरेज: Sanjna Gupta, News Media Kiran

Sanjna Gupta

Sanjana GuptaHindi Content Writer | New Media KiranSanjana Gupta is a Hindi Content Writer at New Media Kiran, creating accurate, engaging, and reader-friendly news and web content for digital platforms. She specializes in well-researched Hindi articles that keep audiences informed and interested.

अपनी राय दें

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *