Army & Navy Special Entry 2026: आज के समय में युवा न सिर्फ अच्छी पढ़ाई करना चाहते हैं बल्कि देश की सेवा भी करना चाहते हैं। अगर आप JEE परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं या पास कर चुके हैं तो आपके लिए भारतीय सेना और भारतीय नौसेना ने दो बेहतरीन स्कीम्स खोल रखी हैं। इन स्कीम्स के जरिए आप इंजीनियरिंग की डिग्री पूरी करने के बाद सीधे अफसर बन सकते हैं। ये स्कीम्स हैं – थल सेना की TES एंट्री स्कीम और नौसेना की 10+2 (B.Tech) स्पेशल एंट्री।
इन स्कीम्स के तहत चुने गए उम्मीदवारों को 4 साल की पूरी इंजीनियरिंग पढ़ाई करनी होती है। इसके बाद उन्हें लेफ्टिनेंट की रैंक पर कमीशन मिलता है। ये स्कीम्स उन छात्रों के लिए खास हैं जो तकनीकी शिक्षा के साथ-साथ देश की रक्षा में अपना योगदान देना चाहते हैं।
TES एंट्री स्कीम से थल सेना में कैसे बनें अधिकारी
भारतीय थल सेना में TES यानी Technical Entry Scheme के तहत स्पेशल एंट्री दी जाती है। इस स्कीम के जरिए 10+2 पास छात्रों को इंजीनियरिंग कोर्स में एडमिशन मिलता है। सबसे अच्छी बात ये है कि पढ़ाई के दौरान ही छात्रों को सेना की ट्रेनिंग भी दी जाती है।
4 साल की पढ़ाई पूरी करने के बाद उम्मीदवारों को इंजीनियरिंग की डिग्री मिलती है और साथ ही वे लेफ्टिनेंट के रैंक पर कमीशन प्राप्त कर लेते हैं। ये स्कीम उन युवाओं के लिए बेस्ट है जो JEE परीक्षा में अच्छा प्रदर्शन करते हैं। TES एंट्री स्कीम में चयन होने के बाद छात्रों को अच्छी सुविधाएं, सैलरी और देश सेवा का मौका दोनों मिलते हैं।
इस स्कीम में शामिल होने वाले छात्रों को पहले इंजीनियरिंग की पूरी पढ़ाई करनी पड़ती है। इसके बाद ही वे थल सेना के अफसर बनते हैं। सरल शब्दों में कहें तो JEE पास करना सिर्फ शुरुआत है। उसके बाद 4 साल की मेहनत और ट्रेनिंग के बाद आप थल सेना में स्थायी रूप से शामिल हो जाते हैं।
Army & Navy Special Entry 2026: नौसेना में 10+2 (B.Tech) स्पेशल एंट्री का पूरा प्रोसेस

भारतीय नौसेना ने भी 10+2 (B.Tech) कैटेगरी में स्पेशल एंट्री निकाली है। इस स्कीम के तहत अविवाहित पुरुष और महिला दोनों उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। अगर आप सेलेक्ट हो जाते हैं तो 4 साल का B.Tech कोर्स पूरा करने के बाद आपको B.Tech कैडेट एंट्री स्कीम के तहत कमीशन मिलता है।
नौसेना की इस एंट्री में भी JEE परीक्षा की CRL यानी कॉमन रैंक लिस्ट बहुत अहम रोल खेलती है। NTA की जारी की गई रैंक लिस्ट के आधार पर उम्मीदवारों को शॉर्टलिस्ट किया जाता है। इसके बाद इंटरव्यू होता है जिसे पास करना जरूरी है। इंटरव्यू में उम्मीदवार की व्यक्तिगत क्षमता, नेतृत्व कौशल और देशभक्ति को परखा जाता है।
4 साल का कोर्स पूरा करने के बाद चुने गए उम्मीदवार नौसेना में बीटेक कैडेट एंट्री स्कीम के तहत सीधे कमीशंड अफसर बन जाते हैं। ये स्कीम उन छात्रों के लिए बेहद फायदेमंद है जो समुद्री क्षेत्र में करियर बनाना चाहते हैं। नौसेना में काम करने का मतलब है आधुनिक जहाजों, तकनीकी उपकरणों और समुद्री सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालना।
JEE परीक्षा कैसे बनाती है रास्ता
JEE परीक्षा पास करने वाले लाखों छात्र हर साल इंजीनियरिंग कॉलेजों में एडमिशन लेते हैं। लेकिन TES एंट्री स्कीम और नौसेना की 10+2 B.Tech एंट्री उन छात्रों को अलग रास्ता दिखाती है। इन स्कीम्स में JEE की CRL के आधार पर उम्मीदवारों को शॉर्टलिस्ट किया जाता है।
मतलब साफ है – JEE में अच्छी रैंक लाने वाले छात्रों को सेना और नौसेना दोनों में स्पेशल मौका मिलता है। पहले उन्हें इंजीनियरिंग की डिग्री लेनी होती है। उसके बाद ही वे सरकारी नौकरी यानी कमीशंड ऑफिसर के पद के हकदार बनते हैं।
ये स्कीम्स इसलिए खास हैं क्योंकि यहां पढ़ाई के साथ-साथ नौकरी भी गारंटीड है। आम इंजीनियरिंग कॉलेज से डिग्री लेकर नौकरी ढूंढने की टेंशन यहां बिल्कुल नहीं है। 4 साल बाद सीधे लेफ्टिनेंट की रैंक और अच्छी सैलरी के साथ करियर शुरू हो जाता है।
Army & Navy Special Entry 2026: 4 साल की पढ़ाई के बाद क्या मिलता है
TES एंट्री स्कीम और B.Tech कैडेट एंट्री स्कीम दोनों में 4 साल की पढ़ाई अनिवार्य है। इस दौरान छात्रों को इंजीनियरिंग की पूरी ट्रेनिंग के साथ सेना की बुनियादी ट्रेनिंग भी दी जाती है। पढ़ाई पूरी होने पर उम्मीदवारों को डिग्री और कमीशन दोनों मिलते हैं।
थल सेना में TES एंट्री के तहत चुने गए उम्मीदवार लेफ्टिनेंट बनकर जॉइन करते हैं। नौसेना में भी B.Tech कैडेट एंट्री स्कीम के तहत कमीशंड ऑफिसर बनते हैं। दोनों ही जगह अच्छी सैलरी, रहने-खाने की सुविधा, मेडिकल फैसिलिटी और देश की सेवा का गर्व मिलता है।
ये स्कीम्स उन युवाओं के लिए वरदान साबित हो रही हैं जो JEE की तैयारी में लगे हैं। वे न सिर्फ इंजीनियर बनते हैं बल्कि राष्ट्र की रक्षा का हिस्सा भी बन जाते हैं।
युवाओं के लिए क्यों है ये स्कीम्स बेस्ट ऑप्शन
आजकल युवा सिर्फ नौकरी नहीं बल्कि सम्मान और चुनौतीपूर्ण करियर भी चाहते हैं। TES एंट्री स्कीम और नौसेना की स्पेशल एंट्री ठीक यही देती हैं। यहां पढ़ाई का खर्च भी कम पड़ता है क्योंकि सेना और नौसेना खुद कोर्स की व्यवस्था करती है।
JEE पास करने वाले छात्रों को ये स्कीम्स दोहरी खुशी देती हैं – एक तो इंजीनियरिंग की डिग्री और दूसरा सीधा अफसर का पद। 4 साल की मेहनत के बाद लेफ्टिनेंट की रैंक मिलना किसी सपने को हकीकत में बदलने जैसा है।
Army & Navy Special Entry 2026: कैसे करें तैयारी और आवेदन
JEE परीक्षा में अच्छी रैंक लाने के बाद NTA की CRL चेक करें। उसके आधार पर थल सेना और नौसेना की आधिकारिक वेबसाइट पर आवेदन करें। पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन है। इंटरव्यू की तैयारी के लिए नेतृत्व कौशल, फिटनेस और सामान्य ज्ञान पर ध्यान दें।
ये स्कीम्स हर साल निकलती हैं। इसलिए JEE की तैयारी करते समय इनके बारे में अपडेट रहें। 10+2 के बाद सीधे इन स्कीम्स के जरिए आपका करियर शुरू हो सकता है।
देश सेवा और तकनीकी शिक्षा का बेहतरीन मेल
TES एंट्री स्कीम और B.Tech कैडेट एंट्री स्कीम दोनों ही स्कीम्स देश की आधुनिक जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाई गई हैं। आज की सेना और नौसेना को तकनीकी रूप से मजबूत युवाओं की जरूरत है। ये स्कीम्स ठीक वही युवा तैयार करती हैं जो इंजीनियरिंग की पढ़ाई के साथ राष्ट्र सेवा भी कर सकें।
JEE पास करने वाले लाखों छात्रों में से जो इन स्कीम्स में शामिल होते हैं, वे न सिर्फ खुद का भविष्य संवारते हैं बल्कि देश की सुरक्षा में भी अपना योगदान देते हैं। 4 साल की पढ़ाई के बाद लेफ्टिनेंट बनकर जब ये युवा ड्यूटी पर जाते हैं तो उनका आत्मविश्वास और गर्व देखने लायक होता है।
Read More Here:-



