Bihar News: बिहार सरकार ने ग्रामीण इलाकों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। अब पंचायत स्तर पर स्वास्थ्य केंद्रों में मुफ्त दवाएं और बुनियादी इलाज उपलब्ध होंगे। DVDMS (डिजिटल वैक्सीन डिलीवरी मैनेजमेंट सिस्टम) के जरिए दवाओं की सप्लाई सीधे पंचायतों तक पहुंचाई जा रही है। इससे गांवों में छोटी बीमारियों के लिए शहर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। स्वास्थ्य विभाग ने सभी जिलों को इस योजना को लागू करने के निर्देश दिए हैं।
DVDMS सिस्टम कैसे काम करता है?
DVDMS एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है। इसमें दवाओं की स्टॉक, सप्लाई और मांग का रिकॉर्ड रखा जाता है। पंचायत स्वास्थ्य केंद्रों में दवाएं कम पड़ने पर ऑनलाइन ऑर्डर दिया जा सकता है। दवा तुरंत ब्लॉक या जिला स्तर से पहुंच जाती है। इससे दवाओं की कमी नहीं रहती।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि इस सिस्टम से दवाओं की बर्बादी कम होगी। पारदर्शिता आएगी। गांव के लोग मुफ्त दवाएं आसानी से ले सकेंगे।
पंचायत स्तर पर कौन-कौन सी सुविधाएं?
- मुफ्त दवाएं: बुखार, सर्दी-खांसी, दस्त, घाव आदि के लिए।
- बुनियादी जांच: ब्लड प्रेशर, शुगर, वजन, गर्भावस्था जांच।
- टीकाकरण और मातृत्व स्वास्थ्य।
- छोटे ऑपरेशन और घाव सिलाई।
- स्वास्थ्य कर्मी और ANM की नियमित उपस्थिति।
यह योजना हर पंचायत में स्वास्थ्य केंद्रों को मजबूत कर रही है। ग्रामीणों को अस्पताल जाने की जरूरत कम हो रही है।
ग्रामीणों को क्या फायदा?
ग्रामीण इलाकों में डॉक्टर और दवा की कमी से लोग परेशान रहते थे। अब पंचायत में ही इलाज और दवा मिल रही है। एक ग्रामीण महिला ने बताया, “पहले बुखार होने पर शहर जाना पड़ता था। अब गांव में ही दवा मिल जाती है।”
योजना से गरीब परिवारों की जेब पर बोझ कम हो रहा है। बच्चों और महिलाओं को ज्यादा फायदा हो रहा है।
Bihar News: सरकार की योजना
स्वास्थ्य विभाग ने कहा कि DVDMS को सभी स्वास्थ्य केंद्रों से जोड़ा जा रहा है। दवाओं की मॉनिटरिंग ऑनलाइन हो रही है। दवा की कमी होने पर तुरंत सप्लाई।
बिहार में स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत हो रही हैं। पंचायत स्तर पर इलाज से ग्रामीणों को राहत मिल रही है। उम्मीद है कि जल्द सभी पंचायतों में यह व्यवस्था पूरी तरह लागू हो जाएगी।



