Gopalganj Udyami Yojana: गोपालगंज में मुख्यमंत्री उद्यमी योजना के तहत सहायता राशि लेकर उद्योग नहीं लगाने वाले लाभुकों पर उद्योग विभाग ने सख्ती बढ़ा दी है। वर्ष 2018 से 2024 के बीच चयनित 1078 लाभुकों में से 315 लोगों ने दस लाख रुपये की राशि प्राप्त करने के बावजूद अपना उद्यम शुरू ही नहीं किया। विभाग अब इनसे योजना मद की राशि वसूलने की तैयारी में है। निर्धारित समय में राशि नहीं लौटाने पर सर्टिफिकेट केस दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू की जा सकती है।
जिला उद्योग केंद्र के आंकड़ों के मुताबिक, प्रशिक्षण पूरा होने के बाद हर लाभुक को उद्योग स्थापित करने के लिए दस लाख रुपये उपलब्ध कराए गए थे। चयन 51 ट्रेडों में हुआ था, जिनमें रेडीमेड गारमेंट, तेल मिल, आटा मिल, गेट-ग्रिल निर्माण और अन्य छोटे विनिर्माण कार्य शामिल हैं। समीक्षा में पाया गया कि राशि लेने वाले बड़ी संख्या में लाभुक अब तक यूनिट नहीं चला सके। वर्तमान में केवल 509 उद्योग संचालित बताए जा रहे हैं। बाकी या तो शुरू ही नहीं हुए या कुछ समय चलने के बाद बंद हो गए। विभाग बंद पड़ी इकाइयों की भी अलग से जांच करा रहा है।
किस्त नहीं चुकाने वाले लाभुकों पर भी कार्रवाई चल रही है। उद्योग शुरू करने के बाद भी 254 लाभुक योजना से जुड़े ऋण की किस्त नियमित नहीं जमा कर रहे हैं। इन्हें नोटिस जारी किया जा चुका है। तय अवधि में किस्त नहीं भरने पर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। विभाग का कहना है कि कई बार नोटिस और मौखिक निर्देश के बाद भी स्थिति नहीं सुधरी, इसलिए अब वसूली का रास्ता अपनाया जा रहा है।

