Bihar News: बिहार में नशीले कफ सिरप की तस्करी का बड़ा नेटवर्क पकड़ा गया है। हिमाचल प्रदेश से कोडीन युक्त कफ सिरप बिहार लाई जाती थी। यहां से नेपाल और बांग्लादेश सप्लाई की जाती थी। पुलिस ने पटना और आसपास के इलाकों में छापेमारी कर कई तस्करों को गिरफ्तार किया है। बड़ी मात्रा में सिरप बरामद हुई है। यह सिरप नशे के लिए इस्तेमाल होती है। युवाओं में इसका चलन बढ़ रहा है। पुलिस ने कहा कि यह अंतरराष्ट्रीय तस्करी का नेटवर्क है।
तस्करी कैसे होती थी?
पुलिस जांच से पता चला कि हिमाचल प्रदेश की फार्मा कंपनियां कोडीन वाली कफ सिरप बनाती हैं। तस्कर ट्रकों और अन्य वाहनों से इसे बिहार लाते थे। पटना, मुजफ्फरपुर और सीतामढ़ी जैसे जिलों में गोदामों में छिपाया जाता था। यहां से नेपाल की सीमा और बांग्लादेश की ओर रवाना किया जाता था।
तस्कर फर्जी बिल और दस्तावेज बनाते थे। सिरप को दवा की तरह दिखाते थे। लेकिन असल में यह नशे के लिए बेची जाती थी। एक बोतल की कीमत बाजार में 200-300 रुपये, लेकिन नशे के बाजार में 1000 रुपये तक मिलती थी।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस को सूचना मिली थी कि पटना के फुलवारीशरीफ और दानापुर इलाके में बड़ी खेप आई है। स्पेशल टीम ने छापेमारी की। कई गोदामों से हजारों बोतलें बरामद हुईं। 5-6 तस्करों को पकड़ा गया। मुख्य सरगना अभी फरार है। पुलिस उनकी तलाश कर रही है।
पकड़े गए तस्करों ने कबूल किया कि वे महीनों से यह काम कर रहे थे। नेपाल और बांग्लादेश में डिमांड ज्यादा है। वहां युवा नशे के लिए इस्तेमाल करते हैं।
नशे का बढ़ता खतरा
कोडीन युक्त कफ सिरप नशा करने वालों में लोकप्रिय है। ज्यादा पीने से नींद, चक्कर और लत लग जाती है। लंबे समय तक इस्तेमाल से लीवर और किडनी खराब हो सकती है। बिहार में युवाओं में इसका चलन बढ़ रहा है। कई मामले में ओवरडोज से मौतें हुई हैं।
पुलिस ने कहा कि तस्करी रोकने के लिए बॉर्डर पर निगरानी बढ़ा दी गई है। हिमाचल की कंपनियों पर भी जांच होगी।
Bihar News: आगे क्या कार्रवाई?
पुलिस ने बरामद सिरप को नष्ट करने की तैयारी की है। पकड़े गए तस्करों पर NDPS एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हुआ है। मुख्य सरगना और अन्य साथियों की तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि पूरा नेटवर्क तोड़ा जाएगा।
बिहार में नशे की तस्करी पर सख्ती बढ़ गई है। लोग मांग कर रहे हैं कि ऐसी कंपनियों पर बैन लगे। युवाओं को जागरूक किया जाए।
यह खुलासा दिखाता है कि नशीली दवाओं की तस्करी कितनी गंभीर समस्या है। पुलिस की कार्रवाई सराहनीय है। उम्मीद है कि जल्द पूरा नेटवर्क पकड़ा जाएगा और तस्करी रुकेगी।



