Top 5 This Week

Related Posts

अमेरिका ने कोलंबिया के राष्ट्रपति गुस्तावो पेट्रो पर लगाया प्रतिबंध, ट्रंप बोले – “ड्रग लीडर हैं पेट्रो”

डेस्क: अमेरिका और कोलंबिया के बीच कूटनीतिक रिश्तों में तनाव बढ़ गया है। अमेरिकी प्रशासन ने कोलंबिया के राष्ट्रपति गुस्तावो पेट्रो पर प्रतिबंध लगाने का ऐलान किया है। यह फैसला ऐसे समय आया है जब दोनों देशों के बीच ड्रग तस्करी और सैन्य कार्रवाई को लेकर मतभेद गहराते जा रहे हैं।

पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पेट्रो पर आरोप लगाया कि उन्होंने कोकीन की तस्करी को रोकने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया। ट्रंप ने पेट्रो को “अवैध ड्रग लीडर” बताते हुए कहा कि उन्होंने अपने देश को अपराधियों के हवाले कर दिया है।

ट्रंप और पेट्रो आमने-सामने

दरअसल, हाल ही में गुस्तावो पेट्रो ने अमेरिका पर कैरेबियन सागर में एयरस्ट्राइक कर निर्दोष नागरिकों की हत्या का आरोप लगाया था। इसके जवाब में ट्रंप ने पलटवार करते हुए कहा, “पेट्रो न सिर्फ नाकाम नेता हैं, बल्कि उन्होंने ड्रग माफियाओं को खुली छूट दी है।” ट्रंप के अनुसार, कोलंबिया में बीते दो वर्षों में कोकीन उत्पादन ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गया है, जिससे अमेरिकी समाज में ड्रग्स की बाढ़ आ गई है।

अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने भी कहा, “जबसे पेट्रो सत्ता में आए हैं, कोलंबिया में ड्रग कार्टेल्स को बढ़ावा मिला है। राष्ट्रपति ट्रंप ने अमेरिका की सुरक्षा के लिए यह आवश्यक कदम उठाया है और यह स्पष्ट कर दिया है कि अमेरिका ड्रग तस्करी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगा।”

कोलंबिया की तीखी प्रतिक्रिया

वहीं, कोलंबिया सरकार ने अमेरिकी कार्रवाई को “गंभीर कूटनीतिक हमला” बताया है। राष्ट्रपति पेट्रो ने कहा कि यह फैसला राजनीतिक बदले की भावना से प्रेरित है। उन्होंने कहा, “कोलंबिया किसी बाहरी दबाव में नहीं झुकेगा। हमारा संघर्ष शांति और न्याय के लिए है, न कि टकराव के लिए।”

कोलंबिया के विदेश मंत्रालय ने भी अमेरिकी राजदूत को तलब किया और ट्रंप के बयानों पर औपचारिक आपत्ति दर्ज कराई। मंत्रालय ने चेतावनी दी कि इस तरह की बयानबाजी दोनों देशों के सहयोग पर नकारात्मक असर डाल सकती है।

इसे भी पढ़ें: बिहार चुनाव: तेजस्वी को CM फेस बनाने पर अखिलेश यादव का बयान, ये क्या बोल गए सपा प्रमुख ?

लैटिन अमेरिकी देशों की चिंता

अमेरिका द्वारा कैरेबियन क्षेत्र में सैन्य तैनाती बढ़ाने पर ब्राजील, चिली और मेक्सिको जैसे देशों ने गहरी चिंता जताई है।
ब्राजील और चिली ने संयुक्त बयान जारी कर कहा, “किसी भी विवाद का हल कूटनीतिक संवाद से ही संभव है।” वहीं, मेक्सिको ने अमेरिका के ‘यूएसएस जेराल्ड फोर्ड’ एयरक्राफ्ट कैरियर को क्षेत्र में तैनात करने के कदम को “एकतरफा और असंतुलित” बताया।

Vaibhav tiwari
Author: Vaibhav tiwari

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Popular Articles