Rajya Sabha Election 2026: बिहार राज्यसभा चुनाव 2026 में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन ने सभी पाँचों सीटें जीतकर अपनी राजनीतिक ताकत का प्रदर्शन किया। गठबंधन के 202 विधायकों ने एकजुट होकर मतदान किया, जिससे NDA की जीत न केवल संख्याबल में बल्कि संगठन की मजबूती में भी झलकी। BJP उम्मीदवार शिवेश राम ने इस जीत के बाद कहा कि दूसरी वरीयता का मत केवल NDA के पास था, महागठबंधन के पास नहीं था। उनके अनुसार यही पाँचवीं सीट पर जीत का सबसे निर्णायक पहलू साबित हुआ।
शिवेश राम ने RJD के होटल वाले दावे पर क्या कहा?
चुनाव प्रचार के दौरान RJD नेताओं ने दावा किया था कि उनके विधायकों को एक होटल में एकत्रित कर रखा गया है और वे सुरक्षित हैं। शिवेश राम ने इस दावे पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जब परिणाम NDA के पक्ष में आया तो RJD के नेता अब बताएँ कि वे विधायक कहाँ गए।
शिवेश राम के इस बयान ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि NDA के सभी 202 विधायक एक परिवार की तरह एकजुट रहे और इसी एकता ने उन्हें क्लीन स्वीप दिलाया।
Rajya Sabha Election 2026: बिहार के उपमुख्यमंत्री ने RJD और कांग्रेस पर क्या बड़े आरोप लगाए?
बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने राज्यसभा चुनाव परिणाम पर तीखी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि आज RJD और कांग्रेस का असली व्यवहार सामने आ गया है क्योंकि उनके अपने विधायकों ने ही मतदान से इनकार कर दिया।
सिन्हा ने आगे कहा कि पहले जनता ने उन्हें वोट देने से मना किया और अब खुद उनके विधायक भी साथ नहीं दे रहे। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विधायकों को होटलों में बंधक बनाकर डराने का काम विपक्षी दलों का पुराना तरीका रहा है।
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने किस बात पर बड़ा दावा किया?
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सोशल मीडिया पर एक तीखा बयान दिया जो तुरंत वायरल हो गया। मांझी ने लिखा कि जब पैसा लेकर टिकट बेचा जाएगा तो विधायक फोन बंद करेंगे ही। उन्होंने अपने पोस्ट में “जय NDA, तय NDA” लिखकर गठबंधन की जीत पर खुशी जाहिर की।
जीतन राम मांझी हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा के प्रमुख और वर्तमान केंद्रीय मंत्री हैं। वे बिहार की राजनीति में एक प्रभावशाली दलित नेता के रूप में स्थापित हैं और NDA गठबंधन का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं।
हरियाणा में मतगणना से पहले क्यों खड़ा हुआ विवाद?
हरियाणा की दो राज्यसभा सीटों पर मतगणना शुरू होने से पहले ही सियासी माहौल गर्म हो गया। BJP ने कांग्रेस के दो विधायकों के मतदान पर आपत्ति जताई। साथ ही कांग्रेस ने भी BJP के एक विधायक के मत को लेकर सवाल उठाए।
चुनाव अधिकारियों के अनुसार इन आपत्तियों का निपटारा होने के बाद ही मतगणना की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। दोनों पक्षों की ओर से उठाई गई आपत्तियों ने हरियाणा के चुनावी नतीजों को कुछ समय के लिए अनिश्चित बना दिया।
हरियाणा में BJP किस उम्मीदवार की जीत को लेकर आश्वस्त है?
हरियाणा के मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने मतगणना से पहले ही अपनी पार्टी का आत्मविश्वास जाहिर किया। उन्होंने कहा कि BJP उम्मीदवार संजय भाटिया 100 प्रतिशत जीत रहे हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कांग्रेस के दो विधायकों, भरत सिंह बेनीवाल और परमवीर सिंह ने अपने मत बिना फोल्ड किए जमा किए, जो नियमों के विरुद्ध हो सकता है।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार इस प्रकार के मतदान संबंधी विवाद राज्यसभा चुनाव में कभी-कभी नतीजों को प्रभावित भी कर सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
प्रश्न 1: बिहार राज्यसभा चुनाव 2026 में कितनी सीटें NDA ने जीतीं? बिहार में उपलब्ध सभी पाँचों राज्यसभा सीटों पर NDA ने जीत दर्ज की। गठबंधन के 202 विधायकों की एकजुटता और दूसरी वरीयता के मतों ने यह क्लीन स्वीप संभव बनाया।
प्रश्न 2: हरियाणा में राज्यसभा चुनाव की मतगणना में देरी क्यों हुई? BJP ने कांग्रेस के दो विधायकों के मत पर और कांग्रेस ने BJP के एक विधायक के मत पर आपत्ति दर्ज कराई। इन आपत्तियों के समाधान के बाद ही मतगणना शुरू हो सकती है।
प्रश्न 3: दूसरी वरीयता का मत क्या होता है और यह कैसे निर्णायक बना? राज्यसभा चुनाव में विधायक एकाधिक उम्मीदवारों को वरीयता के क्रम में वोट दे सकते हैं। यदि पहली वरीयता के आधार पर जीत तय न हो तो दूसरी वरीयता का मत गिना जाता है। बिहार में NDA के पास ही यह अतिरिक्त लाभ था।
प्रश्न 4: शिवेश राम कौन हैं और वे किस दल से उम्मीदवार थे? शिवेश राम BJP के उम्मीदवार के रूप में बिहार राज्यसभा चुनाव 2026 में मैदान में थे। उन्होंने पाँचवीं सीट पर RJD के अमरेंद्र धारी सिंह को हराया।



