डेस्क: क्रिप्टोकरंसी में निवेशकों की संख्या बढ़ती जा रही है। CoinDCX की रिपोर्ट के अनुसार, महिला निवेशकों की भागीदारी क्रिप्टो मार्केट में बढ़ती जा रही है।
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निया में तेजी से बदलाव होते जा रहा है, अब डिजिटल युग आ चुका है। ऐसे में निवेशकों की पसंद भी बदलती जा रही है। पहले निवेशक एफडी, आरडी, रियल एस्टेट जैसे सुरक्षित निवेश विकल्पों में निवेश करते थे, जिसके बाद शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड और अब निवेशक क्रिप्टो में भी जमकर पैसा लगा रहे हैं। क्रिप्टोकरंसी में महिला निवेशकों की भागीदारी भी बढ़ती जा रही है। कॉइनडीसीएक्स की एक रिपोर्ट यह दर्शाती है कि महिला निवेशकों की संख्या क्रिप्टो मार्केट में साल दर साल दोगुनी होते जा रही है।
कॉइनडीसीएक्स की रिपोर्ट:
कॉइनडीसीएक्स ने ‘2025: भारत में क्रिप्टो की स्टोरी’ नाम से एक रिपोर्ट जारी की है। जिसके अनुसार महिलाएं न केवल बिटकॉइन, एथेरियम बल्कि पॉलीगॉन, एक्सआरपी, शीबा इनु, डॉगकॉइन के साथ ही कार्डानो, डिसेंट्रलैंड, एवलांच में भी पैसा लगा रही हैं।
इस शहर में टॉप पर महिला निवेशक:
इस रिपोर्ट में देशभर में दिन शहरों से महिला निवेशकों की संख्या बढ़ रही है उसके बारे में भी जानकारी दी गई है। जिसके अनुसार सबसे ज्यादा कोलकाता शहर में क्रिप्टो महिला निवेशकों की संख्या है। इसके बाद दिल्ली और मुंबई शहर की महिलाओं का नंबर आता है। इस क्षेत्र में केवल बड़े शहर की महिलाएं नहीं बल्कि छोटे और तेजी से उभरते शहरों की महिलाओं की भागीदारी भी बताई गई है। सिलीगुड़ी, इम्फाल और एर्नाकुलम के अलावा पटना, जयपुर, चंडीगढ़, लुधियाना, भोपाल, इंदौर, गुवाहाटी जैसे शहर शामिल हैं।
भारतियों के पोर्टफोलियो में बढ़ रही क्रिप्टो की संख्या:
इस रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि साल 2022 के आसपास भारतीय निवेशकों के पोर्टफोलियो में केवल दो या तीन टोकन क्रिप्टो के होते थे। अब एवरेज टोकन की संख्या 5 हो गई है। हम सभी यह जानते हैं कि अभी भी कई लोग ऐसे हैं जो क्रिप्टोकरंसी का मतलब ही बिटकॉइन को समझते हैं। हालांकि कॉइनडीसीएक्स की रिपोर्ट में यह बताया गया है कि अब लोग इस अवधारणा से बाहर निकल रहे हैं।
बढ़ रहा निवेश:
बिटकॉइन के अलावा भारतीय क्रिप्टो निवेशक अन्य क्रिप्टोकरंसी की तरफ बढ़ रहे हैं। देश के कई बड़े शहर जैसे बेंगलुरु, मुंबई, पुणे, लखनऊ आदि में एथेरियम में ज्यादा निवेश देखा गया है। इसके अलावा सोलाना में निवेश पुणे में चौगुन हो गया है। जानने वाली बात यह है कि क्रिप्टो में निवेश करने वाले भारतीयों की औसतन उम्र 32 साल हो गई। क्रिप्टो मार्केट में लगातार उतार-चढ़ाव बना रहता है लेकिन निवेशक भी अब मार्केट की गति को समझते हुए अपना पैसा लगाने को तैयार हैं।
अभी क्या करें:
- आज रात पोर्टफ़ोलियो चेक करो – BTC 50% से ज़्यादा तो ETH/SOL ऐड करो
- कल सुबह SIP शुरू करो – 1000 रुपये से, CoinDCX पर
- हफ़्ते में टियर-2 न्यूज़ फॉलो करो – पुणे, लखनऊ हब्स
- महीने में 20% अल्टकॉइन्स में शिफ्ट करो
- 30 दिन में ट्रेंड ट्रैक करो – उम्र 32 जैसी मैच्योर स्ट्रैटेजी
निष्कर्ष:
2025 में क्रिप्टो अब BTC का खेल नहीं – एथेरियम, सोलाना, SUI जैसे अल्टकॉइन्स का दौर है। टियर-2 शहर और 32 साल के निवेशक लीड कर रहे हैं, SIP से लॉन्ग-टर्म सोच रहे हैं। मार्केट उतार-चढ़ाव तो रहेगा, पर डाइवर्सिफाई करने वाले जीतेंगे। आज रात अपना पोर्टफ़ोलियो रिव्यू कर लो। और सोचो – BTC से बाहर निकलने का वक़्त आ गया।
“क्रिप्टो में जीत BTC से नहीं – स्मार्ट डाइवर्सिफिकेशन से आती है।”



