4 महीने बाद 14 लाख से ज्यादा लाभुकों को फिर मिलेगा पोषाहार
खबर का सार
झारखंड में गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं और 6 महीने से 3 साल तक के बच्चों के लिए अच्छी खबर है। 4 महीने के अंतराल के बाद अब अगले महीने से आंगनबाड़ी केंद्रों के जरिए टेक होम राशन का वितरण फिर शुरू होगा।
इससे राज्य के 14 लाख से अधिक लाभुक फिर से पोषाहार से जुड़ जाएंगे।
क्यों रुका था वितरण?
अप्रैल 2026 से टेक होम राशन बंद था। वजह:
राशन आपूर्ति करने वाली एजेंसियों का कार्यकाल 31 मार्च को खत्म हो गया था। नई एजेंसी के लिए टेंडर नहीं हुआ और पुरानी एजेंसियों को अवधि विस्तार भी नहीं मिला था।
अब क्या हुआ?
1. वित्तीय मंजूरी मिली – महिला बाल विकास विभाग के प्रस्ताव को वित्त विभाग से हरी झंडी मिल गई है।
2. सशर्त अवधि विस्तार – वित्त विभाग ने 3 पुरानी एजेंसियों को 6 महीने का सशर्त विस्तार दिया है:
- – आदित्य फ्लोर लिमिटेड
- – कोटा दाल मील
- – इंटर लिक्स फूड्स प्राइवेट लिमिटेड
इन तीनों को 8-8 जिलों की जिम्मेदारी मिली है।
3. कैबिनेट को भेजा जाएगा – अब प्रस्ताव कैबिनेट की मंजूरी के लिए जाएगा। मंजूरी के बाद अगले माह से वितरण शुरू।
वित्त विभाग ने 6 महीने के अंदर नई एजेंसी चुनने के लिए टेंडर निकालने का निर्देश भी दिया है।
टेक होम राशन में क्या मिलता है?
लाभुकों को घर ले जाने के लिए पौष्टिक सूखा राशन / रेडी-टू-कुक मिश्रण दिया जाता है।
पैकेट में: दाल, सोयाबीन, मूंगफली से बनी खाद्य सामग्री
टेक होम राशन क्या है?
- किसके लिए: गर्भवती महिलाएं, धात्री माताएं, 6 माह से 3 वर्ष तक के बच्चे
- कैसे मिलता है: आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से घर ले जाने के लिए
- उद्देश्य: मातृ एवं शिशु कुपोषण कम करना, पोषण स्तर सुधारना
- योजना: समेकित बाल विकास सेवा ICDS के तहत


